शोशल मिडिया पर वीडियो से सुर्खियों में आये BSF जवान पर हुए चौकाने वाले खुलासे !

0
3171

सूत्रों के मुताबिक एलओसी पर ड्यूटी काफी सख्त है और यहां का मौसम भी बेहद ठंडा है. इसी वजह से वो यहां ड्यूटी नहीं चाहता था और अफसरों को नतीजे भुगतने की धमकी दे चुका था.  सूत्रों की मानें तो तेज बहादुर ने कुछ दिनों पहले वीआरएस लेने की अर्जी भी दी थी

तेज बहादुर यादव पुंछ के मंडी इलाके में 29वीं बटालियन के एडमिनिस्ट्रेटिव हेडक्वार्टर में संतरी के पद पर तैनात है. ये इलाका एलओसी के बेहद करीब है और यहीं से हाई-ऑल्टिट्यूड फॉरवर्ड लोकेशन वाली पोस्ट का रास्ता जाता है. संवेदनशील इलाका होने के नाते यहां पर बीएसएफ की टुकड़ी सेना के तहत काम करती है. राशन भी सेना से ही आता है लेकिन जवानों के लिए खाने पकाने की जिम्मेदारी बीएसएफ के पास ही है.

बीएसएफ के प्रवक्ता के मुताबिक, “सीमा सुरक्षा बल अपने जवानो के कल्याण के प्रति संवदेनशील है. अगर कोई गड़बड़ी पाई जाती है तो उसकी जांच कराई जाती है. एलओसी जैसे इलाकों में तो जवानों के खाने पर खासा ध्यान दिया जाता है. उन्हें कैलोरी के हिसाब से डाइट मिलती है. सुबह में नाश्ते में सब्जी और अचार के साथ दो-तीन परांठे मिलते हैं. कभी कभी अंडे और ऑमलेट मिलते हैं. दोपहर में दाल सब्जी, रोटी और चावल मिलते हैं. डिनर में दाल, सब्जी और रोटी मिलती है. कभी कभी नॉन-वेज भी मिलता है.”

2 of 2

loading...
SHARE